झालावाड़। रैन बसेरा तालाब और उद्यान का जीर्णोद्वार काम होगा। इसके लिए तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। इसी को लेकर जल संसाधन विभाग के अतिरिक्त मुख्य अभियंता डीएन शर्मा सहित अन्य अधिकारियों ने रैन बसेरे का निरीक्षण किया। रैन बसेरे में अभी भवन का निर्माण कार्य पीडब्ल्यूडी ने करवाया है। इसमें हूबहू पुराने रैन बसेरे की तरह बनाया गया है। अब इसे भी जलसंसाधन विभाग को हैंडओवर करना है, लेकिन अभी तक यहां सड़क का निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है। इसी के चलते रैन बसेरा अभी हैंडओवर नहीं हो पा रहा है। इधर जल संसाधन विभाग की ओर से तालाब के वेस्ट वेयर की मरम्मत कार्य होंगे। नहरी तंत्र का सिस्टम सही होगा। इसी तरह से यहां पर उद्यान को विकसित किया जाएगा। इसमें चारों तरफ बाउंड्री वाल का निर्माण होगा। सजावटी पौधे लगेंगे और इसमें लाईटिंग भी होगी।
- 187 हैक्टैयर में हो सकेगी सिंचाई
रैन बसेरा तालाब का जीर्णाेद्वार होने के बाद यहां पर किसानों को फायदा मिलेगा। आसपास के क्षेत्रों के 187 हैक्टेयर के खेत सरसब्ज होंगे। अतिरिक्त मुख्य अभियंता डीएन शर्मा ने निरीक्षण के दौरान कार्य को जल्द से जल्द शुरू करने के लिए पाबंद किया। उन्हेांने अधिकारियेां को किशन सागर तालाब के आसपास सफाई, उद्यान विकसित करने, बाउंड्रीवाल निर्माण और नहरेां की मरम्मत करवाने के निर्देश दिए। इस मौके पर एसईमहेन्द्र सिंह, एईएन जीतराम मीणा सहित अन्य विभागीय अभियंता मौजूद रहे। - जल संसाधन विभाग को हस्तांतरित होगा भवन, लेकिन देरी पर देरी हो रही
रैन बसेरे का मूल भवन 12 दिसंबर 2012 को जलकर नष्ट हो गया था। तभी से ही इसके पुननिर्माण की मांग चली आ रही थी। अब जाकर यहां निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन इसके हस्तांतरण में देरी पर देरी हो रही है। पीडब्ल्यूडी ने वर्तमान में नई सड़क बनाने के लिए सड़क खोद रखी है। इसी के चलते अभी तक काम अधूरा ही है। यह काम पूरा होने के बाद ही इसको हैंडओवर का काम हो सकेगा।





